जब बाबर आज़म, टीम कप्तान और प्रमुख बैटरर Pakistan Cricket Board ने 7 मार्च 2024 को लाहौर के गद्दाफ़ी स्टेडियम में शुरू हुए पहले टेस्ट, पाकिस्तान बनाम दक्षिण अफ्रीकालाहौर में बल्लेबाज़ी का ठेका संभाला, तो पूरी क्रिकेट जगत ने घड़ी की सुई देखी।
लेकिन बात सिर्फ शुरुआत की नहीं है—बाबर की पिच पर लकीरें लगभग तीन साल तक धुंधली रही हैं। उन्होंने पिछले 73 टेस्ट इनिंग्स में 31 महीनों, यानी 947 दिनों तक कोई शतक नहीं बनाया। यह आँकड़ा तब की याद दिलाता है जब उनके पहले शतक का राज़ 2021‑22 के क्रिकेट सीजन में टूटा था।
पृष्ठभूमि: घर में टेस्ट का संघर्ष
गृह मैदान पर पाकिस्तान की टेस्ट प्रदर्शन पर हमेशा से आलोचना रही है, पर इस बार बात बाबर के हाथों तक सीमित हो गई है। पिछले छह घरेलू टेस्टों में उनके स्कोर क्रमशः 23, 31, 1, 5, 8 और 5 रहे, जहाँ 31 ही 2023 की शुरुआत से उनका सर्वोच्च स्कोर रहा। जबकि उनका साथी Mohammad Rizwan अक्सर अढ़ाई सौ से अधिक रन बना लेता है, बाबर का निराशाजनक औसत 31.5 के करीब ठहर गया है।
वर्तमान टेस्ट श्रृंखला: दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ मुकाबला
आगामी पहला दिवस पर पाकिस्तान ने 313/5 पर टकीरी पकड़ी। बाबर और रिझवान को अंधाधुंध भरोसा देकर टीम ने यह लक्ष्य हासिल किया। लेकिन अंडर‑विकास स्पष्ट था—बाबर ने केवल 57 रन बनाए, जबकि उनका फॉर्म स्थिर नहीं दिखा। दक्षिण अफ्रीका की गेंदबाज़ी, विशेषकर द्रुत गति से चलाने वाले क्वाइलर, ने बाबर को कई बार चक्रवात जैसा महसूस कराया।
इन आँकड़ों के बाद कई सवाल उठे कि क्या बाबर की तकनीकी डिट्रैक्शन अस्थायी है या स्थायी समस्या। इस पर कई विश्लेषकों का कहना है कि निरंतर घरेलू फॉर्म की कमी उनके अंतरराष्ट्रीय प्रदर्शन को भी धूमिल कर रही है।
आँकड़े और विश्लेषण
- 31 महीने (947 दिन) की शून्य शतक अवधि—यह 2021 में बिंदास शतक से शुरू हुआ।
- 73 टेस्ट इनिंग्स में कुल 2,841 रन, औसत 38.91—औसत में गिरावट स्पष्ट।
- घर में घरेलू औसत 31.5 बनाम विदेश में 41.2।
- साउथ अफ्रीका की गेंदबाज़ी ने बाबर को 2024 की उपलब्धियों में सबसे कठिन चेज़ दिया।
- रिझवान का औसत 46.3, जो बाबर से लगभग 15 रन अधिक।
कुल मिलाकर, यह आँकड़े दर्शाते हैं कि जबकि बाबर अभी भी टीम के लीडर हैं, उनका व्यक्तिगत परीक्षण क्षमता भविष्य में कमज़ोर हो सकता है।
विशेषज्ञों की राय
पाकिस्तान के पूर्व कप्तान वसिल सोरो ने कहा, “बाबर का तकनीकी आधार बहुत मजबूत है, पर लगातार घर के दबाव और नई गेंदबाज़ी शैली ने उन्हें अस्थायी रूप से जंक किया है।” वहीं, इंग्लैंड के टेटा एनालिस्ट जेम्स बार्कर ने वीडियो विश्लेषण में पाया, “उनका फुटवर्क बाहर की ओर झुका हुआ है, जिससे तेज बॉल के लागिने पर सामान्य से अधिक समय लगता है।”
एक और दृष्टिकोण से, Pakistan Cricket Board ने कहा कि बाबर को मनोवैज्ञानिक कोचिंग और तकनीकी सत्रों का प्रावधान किया गया है, जिससे उनकी आत्मविश्वास को वापस लाने की कोशिश की जा रही है।
भविष्य के लिए योजना और संभावित बदलाव
आगामी श्रृंखला में बाबर को दो मुख्य चुनौतियों का सामना करना होगा: पहला, अपने आप पर भरोसा फिर से बनाना, और दूसरा, घरेलू पिच की अनुकूल परिस्थितियों को समझते हुए रणनीति बनाना। टीम मैनेजर ने संकेत दिया कि बाबर को “कसकर” खेलने की आवश्यकता है, जैसे कि उन्हें फॉर्म में वापस लाने के लिए मुख्य इंट्रा‑डोमेस्टिक मैचों में “ट्रेमेनडास” के रूप में उपयोग किया जा सकता है।
यदि बाबर जल्द ही अपना अगला शतक बना लेते हैं, तो यह न केवल उनके व्यक्तिगत रिकॉर्ड को बचाएगा, बल्कि पाकिस्तान की टेस्ट टीम के भविष्य की रणनीतिक दिशा को भी मजबूत करेगा। अन्यथा, निरंतर फॉर्म डिप्रेसन टीम को नई बैटिंग व्यवस्था की ओर धकेल सकता है, जिससे युवा बैटरों को अवसर मिल सकते हैं।
इतिहासिक तुलना और संभावित परिदृश्य
पिछले दशक में विराट कोहली ने भी 2019‑20 में शतक‑रहित अवधि के बाद अपना ‘बैक‑टू‑बैक शतक’ बना कर टीम को संभाला था। बाबर के मामले में, यदि वह इस प्रकार की सर्ज़ी कर पाते हैं, तो इतिहास में उनका नाम भी इस तरह दर्ज होगा। लेकिन ध्यान रहे, दक्षिण अफ्रीका के तेज बॉलिंग हमले और पीएसपी (पैसिफिक सॉफ़्ट पिच) जैसी पिचें उनके फ़ॉर्म को प्रभावित कर रही हैं।
महत्वपूर्ण बात यह है कि क्रिकेट एक खेल है, जहाँ आँकड़े अस्थायी होते हैं; मनोबल और विशेषज्ञों की सहायता से बाबर आज़म को फिर से ऊँचाई पर ले जाना संभव है।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
बाबर आज़म की शून्य शतक अवधि का कारण क्या है?
मुख्य कारण तकनीकी बदलाव और घरेलू पिच की कठिनाई है। लगातार तेज बॉल और बदलते बॉलर रणनीति ने उनके फुटवर्क को प्रभावित किया, जिससे सामान्य से कम रन मिल पाए।
क्या बाबर आज़म के सामने अभी भी शतक बनाना संभव है?
हां, संभव है। यदि वह अपनी तकनीक को घर की पिचों के अनुसार ढालें और मानसिक कोचिंग से आत्मविश्वास बढ़ाएँ, तो अगले टेस्ट श्रृंखला में शतक लाने की पूरी संभावना है।
पाकिस्तान की टेस्ट टीम को बाबर के फॉर्म पर कितना निर्भर होना चाहिए?
बहुत अधिक। बाबर अब भी टीम के शीर्ष क्रम में सबसे भरोसेमंद बॉट्समैन हैं, पर टीम को अतिरिक्त मध्यक्रम में स्थिरता लाने के लिए अन्य खिलाड़ियों को भी तैयार करना होगा।
भविष्य में कौन से युवा बल्लेबाज बाबर की जगह ले सकते हैं?
उमर अली और हसन अहमद जैसे युवा खिलाड़ी लगातार घरेलू टूरनमेंट में अच्छे प्रदर्शन कर रहे हैं। यदि बाबर का फॉर्म सुधरता नहीं, तो उन्हें राष्ट्रीय टीम में अवसर मिल सकता है।
PCB बाबर आज़म को फॉर्म में वापस लाने के लिए क्या कर रहा है?
PCB ने बाबर को विशेष बॅटिंग कोच, मनोवैज्ञानिक सलाहकार और अंतरराष्ट्रीय पिच पर अभ्यास करने के लिए अतिरिक्त सत्र उपलब्ध कराए हैं, जिससे उनका आत्मविश्वास और तकनीकी दक्षता सुधार सके।
14 टिप्पणि
Hansraj Surti
अक्तूबर 12, 2025 AT 22:20 अपराह्नक्रिकेट केवल खेल नहीं, यह मन की गहराईयों का प्रतिबिंब है। जब तक वह अपने फुटवर्क के मूल सिद्धांत को नहीं समझता, शतक अविचल रहेगा। आधुनिक तेज़ बॉलर्स की गति और विविधता एक नई चुनौती प्रस्तुत करती है। पिच की बनावट, हवा का दाब, और मानसिक तनाव सभी मिलकर एक जटिल समीकरण बनाते हैं। पिछले 31 महीनों में शून्य शतक का आंकड़ा इस समीकरण में एक स्थिरांक बन गया है। स्थिरांक तो बदलता नहीं, पर उसे तोड़ने की इच्छा शक्ति मौजूद होनी चाहिए। यदि बाबर अपने आत्मविश्वास को पुनः स्थापित कर लेता है, तो वह इस समीकरण को पुनः लिख सकता है। पीसीबी द्वारा प्रदान किया गया तकनीकी कोचिंग एक संभावित समाधान का संकेत है। तकनीकी कोचिंग को सच्ची मनोवैज्ञानिक समर्थन के साथ मिलाकर ही परिणाम प्राप्त हो सकता है। साथ ही घरेलू पिच की कठोरता को समझना और उसके अनुसार अनुकूलन करना आवश्यक है। जैसे ही वह इस अनुकूलन को अपनाता है, उसकी औसत में सुधार की संभावना बढ़ती है। वह केवल एक व्यक्तिगत खिलाड़ी नहीं, बल्कि पाकिस्तान की बैटिंग लाइन‑अप का एक प्रमुख स्तंभ भी है। इस स्तंभ की स्थिरता पूरी टीम की मनोबल को प्रभावित करती है। आशा है कि वह जल्द ही अपने अगले टेस्ट में शतक बना कर इस अवधि को समाप्त करेगा। हर शतक के पीछे मेहनत, धैर्य, और निरंतर आत्म‑विश्लेषण छिपा होता है 😊
sanjay sharma
अक्तूबर 19, 2025 AT 21:03 अपराह्नबाबर को तकनीकी सत्रों से मदद मिल सकती है।
Chandan Pal
अक्तूबर 26, 2025 AT 18:46 अपराह्नभाई, बाबर की फॉर्म देख कर लग रहा है वो अभी भी सीख रहा है 😂
पिच की समस्याएँ और तेज़ बॉलर्स का दबाव उन्हें ख़राब कर रहा है।
Rani Muker
नवंबर 2, 2025 AT 17:30 अपराह्नआइए हम सभी मिलकर बाबर को समर्थन दें ताकि उनका आत्मविश्वास वापस आए।
टीम को भी इस समर्थन से सकारात्मक ऊर्जा मिलेगी।
Tanvi Shrivastav
नवंबर 9, 2025 AT 16:13 अपराह्नओह बाबर तो बस पिच पर ही फँसा है 🙄
Ayush Sanu
नवंबर 16, 2025 AT 14:56 अपराह्नवर्तमान आँकड़े दर्शाते हैं कि घरेलू पिच बाबर के लिए चुनौतीपूर्ण हैं।
Jay Fuentes
नवंबर 23, 2025 AT 13:40 अपराह्नबाबर के लिये शतक का समय अभी दूर नहीं!
Veda t
नवंबर 30, 2025 AT 12:23 अपराह्नये सब PCB की लापरवाही है, बाबर को बस बकवास से बचाओ!
akash shaikh
दिसंबर 7, 2025 AT 11:06 पूर्वाह्नbabear ka form toh bilkul hi foot ho gaya hai lol
Anil Puri
दिसंबर 14, 2025 AT 09:50 पूर्वाह्नजिस तरह से आँकड़े बात करते हैं, वह स्पष्ट है-बाबर को तकनीकी सुधार की जरूरत है।
बाहरी पिच पर उनका प्रदर्शन घरेलू से बेहतर है, जिसका मतलब है कि मानसिक दबाव प्रमुख कारक हो सकता है।
poornima khot
दिसंबर 21, 2025 AT 08:33 पूर्वाह्नप्रिय बाबर, आपका तकनीकी कोचिंग तथा मनोवैज्ञानिक समर्थन एक सकारात्मक दिशा में कदम है।
आपके पिच‑एडैप्टेशन स्किल्स को सुधारने के लिये नियमित अभ्यास आवश्यक होगा।
इस प्रक्रिया में आपके साथ टीम और कोचिंग स्टाफ का सहयोग अनिवार्य है।
आशा करता हूँ कि आप शीघ्र ही अपने शतक‑रहित क्रम को तोड़ेंगे।
सफलता आपके कदम चूमे, शुभकामनाएँ।
Mukesh Yadav
दिसंबर 28, 2025 AT 07:16 पूर्वाह्नक्या आपको नहीं लगता कि कुछ लोग जानबूझ कर बाबर की फॉर्म को बिगाड़ रहे हैं? 😂
जब भी नई पिच आती है, उनका प्रदर्शन नीचे गिर जाता है, ऐसा तो सिर्फ नज़रें खोलता है।
शायद बोर्ड के अंदर ही कुछ गुप्त योजना चल रही है।
Yogitha Priya
जनवरी 4, 2026 AT 06:00 पूर्वाह्नखेल में ईमानदारी और दृढ़ता की जरूरत है, बाबर को भी यही अपनाना चाहिए।
शतक न बनाना उनके लिए लाज याद दिलाता है, पर निराशा में नहीं, बल्कि सुधार में लगना चाहिए।
Rajesh kumar
जनवरी 11, 2026 AT 04:43 पूर्वाह्नदेश के सबसे बड़े बैट्समैन में से एक के रूप में बाबर की जिम्मेदारी कुछ और ही है!
वह सिर्फ अपनी व्यक्तिगत आँकड़े नहीं, पूरी राष्ट्रीय गर्व को धारण करता है!
जब उनका फॉर्म गिरता है, तो हर समर्थक का दिल टूटता है!
पीसीबी को तुरंत सख्त कदम उठाने चाहिए और उन परिस्थितियों को बदलना चाहिए जो उसे नीचे ले जा रही हैं!
यदि घरेलू पिच इतना कठोर है तो बोर्ड को नई पिच तैयार करनी चाहिए!
बाबर को निरंतर निराश नहीं किया जाना चाहिए, बल्कि उसे सशक्त किया जाना चाहिए!
उसकी शतक‑रहित अवधि को समाप्त करने के लिये टीम को पूरी ताकत से समर्थन देना चाहिए!
ऐसे समय में राष्ट्रीय भावना को आगे बढ़ाना हर भारतीय क्रिकेट प्रेमी का कर्तव्य है!
आइए, हम सब मिलकर इस बदलाव को संभव बनायें! 💪